भारत सरकार और राज्य सरकारों द्वारा समय-समय पर आम जनता की सुविधा और योजनाओं में पारदर्शिता लाने के लिए नियमों में बदलाव किए जाते हैं। 1 फ़रवरी 2026 से राशन कार्ड और एलपीजी गैस सिलेंडर को लेकर कुछ महत्वपूर्ण नियम प्रभावी होने जा रहे हैं।
इन नए नियमों का सीधा असर देश के करोड़ों राशन कार्ड धारकों और उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों पर पड़ेगा। सरकार का मुख्य उद्देश्य फर्जी राशन कार्डों को खत्म करना और यह सुनिश्चित करना है कि सब्सिडी का लाभ केवल पात्र परिवारों को ही मिले।
अगर आप भी सरकारी राशन और सब्सिडी वाले गैस सिलेंडर का लाभ लेते हैं, तो आपको इन 5 नए नियमों के बारे में विस्तार से जान लेना चाहिए। नियमों की अनदेखी करने पर आपकी सरकारी सुविधाएं बंद भी हो सकती हैं।
1 फ़रवरी से राशन कार्ड और गैस सिलेंडर पर लागू होंगे 5 नए नियम
केंद्र सरकार की ओर से जारी निर्देशों के अनुसार, सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) और रसोई गैस वितरण प्रक्रिया में बड़े सुधार किए जा रहे हैं। 1 फ़रवरी 2026 से लागू होने वाले इन नियमों में ई-केवाईसी (e-KYC) और आधार लिंकिंग को अनिवार्य बना दिया गया है।
नीचे दी गई तालिका में आप इस योजना और नए नियमों का एक संक्षिप्त विवरण देख सकते हैं:
New Rules 2026 Overview Table
| योजना/नियम का नाम | मुख्य विवरण |
| प्रभावी तिथि | 1 फ़रवरी 2026 |
| मुख्य विभाग | खाद्य एवं रसद विभाग और पेट्रोलियम मंत्रालय |
| लाभार्थी | राशन कार्ड धारक और उज्ज्वला गैस कनेक्शन धारक |
| अनिवार्य प्रक्रिया | आधार ई-केवाईसी (e-KYC) और बायोमेट्रिक |
| फ्री गैस सिलेंडर | उज्ज्वला योजना के तहत (चुनिंदा राज्यों में) |
| राशन में बदलाव | गेहूं और चावल की मात्रा में जिलावार परिवर्तन |
| उद्देश्य | पारदर्शिता लाना और अपात्रों को बाहर करना |
| हेल्पलाइन नंबर | 1906 (गैस) और 14445 (राशन) |
राशन कार्ड और गैस सिलेंडर के 5 बड़े बदलाव (Key Highlights)
सरकार ने लाभार्थियों के लिए जो नई गाइडलाइन्स जारी की हैं, उनमें से 5 सबसे महत्वपूर्ण बातें निम्नलिखित हैं:
- अनिवार्य राशन कार्ड ई-केवाईसी: 1 फ़रवरी से उन सभी राशन कार्डों को सस्पेंड किया जा सकता है जिनकी e-KYC प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है। अब परिवार के हर सदस्य का आधार प्रमाणीकरण जरूरी है।
- गैस सब्सिडी के लिए आधार लिंकिंग: अब एलपीजी सब्सिडी केवल उन्हीं खातों में आएगी जो आधार से लिंक हैं और जिनका डीबीटी (DBT) एक्टिव है। बिना केवाईसी के सब्सिडी रुक जाएगी।
- वन नेशन वन राशन कार्ड (ONORC) अपडेट: प्रवासी मजदूर अब देश के किसी भी कोने से अपना राशन ले सकेंगे, लेकिन इसके लिए उन्हें ‘मेरा राशन’ ऐप पर अपना रजिस्ट्रेशन अपडेट करना होगा।
- फ्री सिलेंडर की नई किश्त: प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत कुछ राज्यों (जैसे उत्तर प्रदेश) में होली के उपलक्ष्य में फ्री सिलेंडर रिफिल की प्रक्रिया फ़रवरी से शुरू हो रही है।
- राशन पोर्टफोलियो में बदलाव: कई जिलों में अब गेहूं की जगह बाजरा या चावल की मात्रा बढ़ाई जा रही है। यह वितरण स्थानीय पैदावार और स्टॉक के आधार पर तय होगा।
राशन कार्ड ई-केवाईसी प्रक्रिया (Ration Card e-KYC Update)
अगर आपके राशन कार्ड में परिवार के किसी सदस्य का नाम है, तो 1 फ़रवरी के बाद उसका राशन तभी मिलेगा जब उसकी बायोमेट्रिक ई-केवाईसी पूरी होगी। इसके लिए आपको नजदीकी उचित दर की दुकान (कोटेदार) के पास जाकर अपनी उंगलियों के निशान देने होंगे।
यह प्रक्रिया पूरी तरह से निःशुल्क है और इसका मुख्य उद्देश्य डुप्लीकेट राशन कार्डों की पहचान करना है। जिन लोगों ने लंबे समय से राशन नहीं लिया है, उनके नाम सूची से हटाए जा सकते हैं।
उज्ज्वला योजना और गैस सिलेंडर के नए दाम
हर महीने की पहली तारीख को कमर्शियल और डोमेस्टिक गैस सिलेंडर की कीमतों की समीक्षा की जाती है। 1 फ़रवरी 2026 को भी गैस की कीमतों में बदलाव की संभावना है।
इसके साथ ही, उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को मिलने वाली सब्सिडी के लिए अब OTP आधारित वेरिफिकेशन को और सख्त किया जा रहा है। अब सिलेंडर की डिलीवरी के समय आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आने वाला कोड बताना अनिवार्य होगा।
पात्रता और आवश्यक दस्तावेज (Eligibility and Documents)
इन सरकारी योजनाओं का लाभ निरंतर पाने के लिए आपके पास निम्नलिखित दस्तावेज अपडेटेड होने चाहिए:
- आधार कार्ड (मोबाइल नंबर से लिंक)
- सक्रिय बैंक खाता (DBT इनेबल्ड)
- मूल राशन कार्ड
- निवास प्रमाण पत्र
- आय प्रमाण पत्र (नया अपडेटेड)
Disclaimer: ऊपर दी गई जानकारी इंटरनेट पर उपलब्ध विभिन्न सरकारी सूत्रों और मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है। कृपया ध्यान दें कि राशन कार्ड की ई-केवाईसी और नियमों में बदलाव की अंतिम तिथियां अलग-अलग राज्यों में भिन्न हो सकती हैं। यह खबर सोशल मीडिया पर चल रहे दावों और वर्तमान प्रशासनिक सुधारों के संदर्भ में है। किसी भी योजना का लाभ लेने से पहले अपनी ग्राम पंचायत, कोटेदार या आधिकारिक सरकारी वेबसाइट nfsa.gov.in पर जाकर जानकारी की पुष्टि अवश्य करें।












